Powered by Blogger.

ഒരു ഹൈടെക് പുതുവര്‍ഷത്തിലേയ്ക്ക് ഏവര്‍ക്കും സ്വാഗതം.....

അഭ്യാസമില്ലാത്തവര്‍ പാകം ചെയ്തെതെന്നോര്‍ത്ത് സഭ്യരാം ജനം കല്ലുനീക്കിയും ഭുജിച്ചീടും..എന്ന വിശ്വാസത്തോടെ

Saturday, June 23, 2012

Yadav Gotra's (यादव गोत्र)

महाराष्ट्र:- अहीर, यादव, राधव, ग्वाला, गौल्ला, पंवार, शिर्द भालेकर, धूमल, लटके, घोले, धगे, महादिक, खेडकर, वजहा, नारे, फगबले, डाबरे, मिरटल, काटे, किलाजे, तटकर, चीले, दलाया, बनिया, जांगडे|
उत्तर प्रदेश:- अहीर, घोसी, ग्वाला, यादव, यदुवंशी | अहीरों की शाखाएं हें: वेणुवंशी, भिरगुडी, दोहा, धनधौरी, गद्दी, गोमला, घोड़चढ़ा, घोषी, गुजर, खूनखुनिया, राजोरिया, और रावत |
मध्य युग में यादवों का एक समूह मराठों में, दूसरा जाटों में और तीसरा समूह, राजपूतों में विलीन हो गए| जैसलमेर के भाटी यादव राजपूत हो गये, पटियाला, नाभा, आदि के जादम शासक जाट हो गए| इसी प्रकार भरतपुर के यादव शासक भी कालांतर में जाट संघ में विलीन होकर जाट कहलाने लगे|
उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश के जादौन अपने को कृष्ण के वंशज बताते हें पर ठाकुर कहलवाते हें| शिवाजी की माँ जिजाबाई यादव वंश में पैदा हुई थी|
पटियाला के महधिराज का तो विरुद्ध ही था: "यदुकुल अवतंश, भट्टी भूषण|"

मध्य प्रदेश:- अहीर, ग्वाला, ग्वाल, गोलाआ, कंस, ठाकुर, जाधव (जादव), गोप, रापत, राव, घोषी आदि|
एन के दो मुख्य भाग है:- हवेलियों में रहने वाले, तथा बिरचिया- जंगलो में बसनेवाले यादव|
आन्ध्र प्रदेश:- गोल्ला, धनगर, एड्द्यर, कोनार, कुब्र, कुर्वा, यादव, पेरागेल्ला (कुछ अपने नाम के अंत में राव, रेड्डी, रेड्द्य्याह, स्वामी, आदि लगाते है| )
गोत्र/ शाखाए:- फल्ला, पिनयानि, प्रकृति, दुई, सरसिधिदी, सोनानोयाना, नमी, डोकरा, प्रिय्तल, मनियाला, रोमला, बोरी, तुमदुल्ला, खारोड़, कोन एव गुन्तु बोयना|
आसाम, त्रिपुरा, सिक्किम, मणिपुर, मेघालय, अरुणाचल आदि पूर्वी राज्य:- ग्वाला, घोष, गोअल, गोआला, गोप, अहीर, यादव, मंडल, पाल|
आन्दमान तथा निकोबार द्वीप समूह:- यादव, रोलाला, काटू, भाटी एवं कोणार|
बिहार:- यादव, ग्वाला, गोप, अहीर, सदगोप, घोषी, नंदगोप, गोरिया, गोयल, सफलगोप|
मुख्य शाखाएं:- महरोत, सत्मुलिया, किशनोंत, गोरिया या दहिराज तथा धहियारा, मंडल, महतो (महता), गुरुमहता, खिरहरी, मारिक, भंडारी, मांजी, लोदवयन, राय, रावत, नन्दनिया|
गुजरात:- आहिर, अहीर, यादव, ग्वाला|
हरियाणा, चन्दीगढ़, पंजाब, हिमाचल, राजस्थान, एवं देहली के यादव अहीर, ग्वाला, गोवाला, राव तथा यादव कहलाते है|
कर्णाटक:- गौल्ला, गौवली, गोपाल, यादव, अस्थाना, अडवी, गोल्ला, हंबर, दुधिगोला, कोणार, गौडा, गौड़ा|
कन्नड़ गौला की शाखाएं:- हल, हव, कड, कम्पे, उज|
बेलगाँव की शाखाएं:- अडवी अथवा तेलगु, हनम, किशनौत, लेंगुरी, पकनक, और शस्यगौला|
बीजापुर की शाखाएं:- मोरे, पवार, शिंदे, और यादव अथवा जाधव (जादव)\
केरल:- यादव, एडायन, एरुमन, कोयला, कोलना, मनियाना, अय्यर, नैयर, उर्लीनैयर, कोणार, पिल्लै, कृष्नावाह, नाम्बियार|
गोवा:- यादव, ग्वलि, ग्वाला, अहीर, गोप, गवली|
तमिलनाडु और पांडिचेरी:- एथियर, एडियर,कोणार, उदयर, यादवन, वडूगा अय्यर, वदुगा एदेअय्यर, गोल्ला, मोंड गोल्ला, कोण, पिल्लै, मंथी, दास, करयालन,
पच्शिमी बंगाल:- अहीर, गोल्ला, गोप, सदगोप, घोष, यादव, मंडल, ग्वार, पाल, दास, महतो, मासिक, फाटक, गुरुमहता, कपास|
उड़ीसा:- प्रधान, गोला, गोल्ला, गोप, सदगोप, अहीर, गौर्र, गौडा, मेकल, गौल्ला, यादव, पाल, भुतियाँ, रावत, गुर्भोलिया,महतो|

No comments:

Post a Comment

'हिंदी सभा' ब्लॉग मे आपका स्वागत है।
यदि आप इस ब्लॉग की सामग्री को पसंद करते है, तो इसके समर्थक बनिए।
धन्यवाद

© hindiblogg-a community for hindi teachers
  

TopBottom